अब जागृत हुए हैं चतुर्भुज विष्णु निधि कंसल अम्बाला वाली को मिला था सन्देश उनकी पूजा अर्चना करवाने हेतु बांसुरी नाद के नाम से बना है procedure, निश्छल सूर्य मंदिर, क्रॉसिंग रिपब्लिक गाजियाबाद से हुई है शुरू।
षोडशी गोपाल निष्छल मंदिर अम्बाला बना है वो स्थान जहां से प्रसारित होने लगी है विष्णु ऊर्जा जिस के उपयोग से अपना auraa ऐशो शील्ड में बदलने लगता है।
ऐशो शील्ड दूसरों की ईर्ष्या से होने वाले नुकसान से ना सिर्फ बचाता है बल्कि ईर्ष्या करने वाले को ही नुकसान पहुंचता है कई गुना बढ़कर।
टाइम साइंटिस्ट कुच्छलयोगी
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